दहेज की आग में शर्मसार रिश्ते
बरेली के सुभाषनगर में दहेज रंजिश में जीजा द्वारा साली को अश्लील फोटो एडिट कर ब्लैकमेल करने और पैसों की मांग का गंभीर मामला सामने आया।
➡️ जीजा पर साली को अश्लील फोटो से ब्लैकमेल करने का आरोप
➡️ दहेज कम मिलने की रंजिश में 50 हजार की मांग
➡️ एडिट फोटो पिता के नंबर पर भेजने का आरोप
➡️ पत्नी से मारपीट और शादी तुड़वाने की धमकी
➡️ पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर जांच तेज की
सुभाषनगर में जीजा ने साली को अश्लील फोटो से ब्लैकमेल करने का आरोप
जन माध्यम
बरेली। सुभाषनगर थाना क्षेत्र से रिश्तों को शर्मसार कर देने वाला एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां दहेज न मिलने की खुन्नस ने एक बहनोई को हैवान बना दिया। एक युवती ने अपने ही जीजा पर अश्लील फोटो एडिट कर ब्लैकमेल करने, पैसों की वसूली और शादी तुड़वाने की धमकियां देने जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं। पीड़िता का कहना है कि आरोपी ने उसकी सामान्य तस्वीरों को एडिट कर आपत्तिजनक बना दिया और सोशल मीडिया पर वायरल करने की धमकी देकर डराने लगा। पीड़िता के मुताबिक, आरोपी बहनोई लगातार व्हाट्सएप के जरिए गंदे और आपत्तिजनक संदेश भेज रहा है। हद तो तब हो गई जब आरोपी ने एडिट की गई अश्लील तस्वीरें युवती के पिता के मोबाइल नंबर पर भेज दीं। इससे पूरा परिवार मानसिक तनाव में आ गया। आरोपी खुलेआम कह रहा है कि यदि उसकी मांगें पूरी नहीं की गईं तो वह इन तस्वीरों को सोशल मीडिया पर वायरल कर देगा और युवती की इज्जत मिट्टी में मिला देगा।मामले में दहेज उत्पीड़न का भी गंभीर पहलू सामने आया है। पीड़िता ने पुलिस को बताया कि उसकी बड़ी बहन की शादी में दहेज कम मिलने से आरोपी पहले से नाराज था। इसी रंजिश के चलते अब वह युवती से 50 हजार रुपये की मांग कर रहा है। युवती का आरोप है कि जब उसने इस शर्मनाक हरकत की शिकायत अपनी बहन से की, तो आरोपी आग बबूला हो गया और पत्नी के साथ मारपीट करने लगा। पीड़िता की तहरीर पर सुभाषनगर पुलिस ने आरोपी बहनोई समेत दो लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच तेज कर दी है। मोबाइल चैट, फोटो एडिटिंग, व्हाट्सएप मैसेज और अन्य डिजिटल साक्ष्यों की बारीकी से पड़ताल की जा रही है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार यह मामला साइबर अपराध, ब्लैकमेलिंग, दहेज उत्पीड़न और महिला उत्पीड़न से जुड़ा है। साक्ष्य मजबूत पाए जाने पर आरोपियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। यह मामला एक बार फिर दिखाता है कि दहेज की आग कैसे रिश्तों को राख में बदल देती है और महिलाओं को मानसिक यातनाओं का शिकार बनाती है।