इज़्ज़तनगर गेट पर मौत से सामना
बरेली इज्जतनगर यांत्रिक कारखाना गेट के पास चलती कार में अचानक भयंकर आग! मंडल मंत्री रजनीश तिवारी ने तुरंत सबको बाहर निकाला, बड़ी त्रासदी टली।
➡️ इज्जतनगर यांत्रिक कारखाना गेट: चलती कार में अचानक भयंकर आग
➡️ कुछ ही मिनटों में पूरी कार राख का ढेर
➡️ मंडल मंत्री रजनीश तिवारी मौके पर मौजूद → सबको तुरंत बाहर निकाला
➡️ सभी यात्री पूरी तरह सुरक्षित, कोई जनहानि नहीं
➡️ राहगीरों व टीम ने दिखाई इंसानियत, फायर ब्रिगेड ने बुझाई आग
➡️ प्रारंभिक वजह: शॉर्ट सर्किट, जांच जारी
➡️ लोग बोले: आज ईश्वर और हिम्मत ने बड़ी त्रासदी टाल दी
लपटों के बीच बची कई ज़िंदगियां, लोगों ने कहा आज बड़ी त्रासदी टल गई
जन माध्यम
बरेली। इज़्ज़तनगर यांत्रिक कारखाना गेट के पास गुरुवार की देर शाम ऐसा मंजर सामने आया, जिसने कुछ पलों के लिए सबकी सांसें थाम दीं। एक चलती कार अचानक धधक उठी जैसे आग ने पूरे वाहन को निगलने की कसम खा ली हो। कुछ ही क्षणों में कार लपटों से घिर गई, धुआँ आसमान में उठने लगा और देखते ही देखते पूरा वाहन अंगारों का ढेर बन गया। सड़क पर दौड़ती ज़िंदगियाँ एक झटके में खतरे में आ गईं।लेकिन उसी भय और अफरा-तफरी के बीच एक उम्मीद की किरण भी थी गाड़ी में सवार सभी लोग सही समय पर बाहर निकल आए। मण्डल मन्त्री रजनीश तिवारी उस वक्त मौके पर ही मौजूद थे। जैसे ही आग उठी, उन्होंने बिना एक पल गंवाए चीखते हुए यात्रियों को बाहर निकालने में मदद की। लोग घबराए हुए थे, लपटें तेज हो रही थीं, लेकिन उनकी सूझबूझ और तेजी ने एक ऐसा हादसा टाल दिया, जो आज किसी की जिंदगी भी ले सकता था।कार में बैठे साथी लोग घबराहट में कांप रहे थे कुछ कदम दूर खड़े होकर अपनी ही कार को जलते देखना किसी पीड़ा से कम नहीं था। पर सभी सुरक्षित थे, यही सबसे बड़ी राहत थी। राहगीर भी दौड़ते हुए पहुंचे। किसी ने पानी लाया, कोई फोन कर रहा था, कोई सवारियों को संभाल रहा था। उस वक्त हर चेहरा दहशत से भरा था और हर हाथ मदद को आगे।
इधर सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड मौके पर पहुंची। आग पर काबू पा लिया गया, पर तब तक कार पहचान से बाहर हो चुकी थी। प्रारम्भिक तौर पर आशंका शॉर्ट सर्किट की जताई जा रही है, लेकिन वास्तविक कारणों की जांच जारी है।
एन. ई. रेलवे मेंस कांग्रेस के मण्डल मन्त्री और उनकी टीम ने भी बचाव में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उनका तेज़ सहयोग और इंसानियत भरा व्यवहार लोगों के लिए संबल बन गया। स्थानीय लोगों ने राहत की सांस लेते हुए कहा ईश्वर की कृपा और इंसानी हिम्मत ने आज कई जानें बचा लीं।यह घटना सिर्फ आग लगने की नहीं, बल्कि समय रहते दिखाई गई हिम्मत, सूझबूझ और मानवीयता की कहानी है कार भले खाक हो गई, लेकिन ज़िंदगियाँ बच गईं… और यही सबसे बड़ी जीत है।