सामाजिक न्याय सम्मेलन में कांग्रेस का सरकार पर तीखा प्रहार
बरेली में सामाजिक न्याय भागीदारी सम्मेलन में कांग्रेस नेताओं ने मोदी सरकार पर पिछड़े वर्गों की उपेक्षा और अन्य मुद्दों को लेकर निशाना साधा
आईएमए हॉल में हुआ भव्य सम्मेलन
कांग्रेस नेताओं ने सरकार पर साधा निशाना
ओबीसी और पिछड़ों की भागीदारी पर जोर
आगामी चुनाव में बदलाव का दावा
जन माध्यम
बरेली। जब हक और हिस्सेदारी की बात उठती है तो सियासत की आवाज और भी तेज हो जाती है और मंच से उठे शब्द दूर तक असर छोड़ते हैं। आईएमए हॉल में आयोजित सामाजिक न्याय भागीदारी सम्मेलन में कांग्रेस नेताओं ने केंद्र सरकार की नीतियों पर खुलकर निशाना साधा।
आल इंडिया कांग्रेस कमेटी के ओबीसी विभाग के तत्वावधान में आयोजित इस सम्मेलन में देश और प्रदेश स्तर के कई प्रमुख नेता शामिल हुए। कार्यक्रम में सामाजिक न्याय, पिछड़े वर्गों की भागीदारी और जाति जनगणना जैसे मुद्दों को प्रमुखता से उठाया गया।
मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे डॉ अनिल जयहिंद ने अपने संबोधन में महिला आरक्षण और दक्षिणी राज्यों से जुड़े मुद्दों को लेकर केंद्र सरकार की आलोचना की। उन्होंने कहा कि सरकार की नीतियों से जनता का विश्वास कमजोर हुआ है।
कांग्रेस सांसद राकेश राठौर ने कहा कि पिछड़े वर्गों को अपेक्षित सम्मान और अवसर नहीं मिल पा रहे हैं। वहीं विधायक वीरेंद्र चौधरी ने आगामी चुनावों में प्रदेश में बदलाव का दावा करते हुए कांग्रेस की स्थिति मजबूत होने की बात कही।
पूर्व विधायक मास्टर छोटेलाल गंगवार ने न्यायपालिका और शिक्षा संस्थानों में पिछड़े वर्गों की कम भागीदारी पर चिंता जताई। वहीं सुनील वर्मा ने सामाजिक और राजनीतिक मुद्दों पर विस्तार से विचार रखते हुए बदलाव की आवश्यकता पर जोर दिया।
सम्मेलन में बड़ी संख्या में ओबीसी, दलित और अल्पसंख्यक समुदाय के कार्यकर्ता मौजूद रहे। कार्यक्रम के माध्यम से कांग्रेस नेताओं ने सामाजिक न्याय और भागीदारी के मुद्दों को केंद्र में रखते हुए आगामी चुनावों के लिए अपनी रणनीति को भी स्पष्ट किया।