वंश गंगवार ने जेईई एडवांस्ड में लहराया सफलता का परचम, आईआईटी में मिला दाखिला
शहर के होनहार छात्र वंश गंगवार ने जेईई एडवांस्ड 2026 में शानदार रैंक हासिल कर जिले का नाम रोशन किया। प्रतिष्ठित आईआईटी संस्थान में मिला प्रवेश।
जनपद के प्रतिभावान छात्र वंश गंगवार ने जेईई एडवांस्ड 2026 परीक्षा में अर्जित की ऐतिहासिक सफलताय़।
अपनी उत्कृष्ट रैंक के बदौलत देश के अत्यंत प्रतिष्ठित इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (आईआईटी) में पाया प्रवेश।
होनहार छात्र को प्रतिष्ठित आईआईटी संस्थान की बेहद लोकप्रिय इलेक्ट्रो मैकेनिकल ब्रांच हुई आवंटित।
शेरवुड कॉलेज, नैनीताल से पूरी की है इंटरमीडिएट तक की पढ़ाई; कोटा में रहकर की थी विशेष तैयारी।
जन माध्यम
बरेली। उत्तर प्रदेश के बरेली जनपद के विद्यार्थियों का शिक्षा के क्षेत्र में राष्ट्रीय स्तर पर दबदबा लगातार जारी है। इसी क्रम में शहर के होनहार और प्रतिभावान छात्र वंश गंगवार ने देश की सबसे कठिनतम परीक्षाओं में से एक 'जेईई एडवांस्ड 2026' (JEE Advanced 2026) में शानदार सफलता हासिल कर पूरे जिले व क्षेत्र का नाम राष्ट्रीय पटल पर रोशन किया है। उन्होंने अपनी कड़ी मेहनत और प्रतिभा के दम पर प्रतिष्ठित तकनीकी संस्थान में अपनी जगह पक्की की है।
परीक्षा परिणाम घोषित होने के बाद काउंसलिंग प्रक्रिया के अंतर्गत वंश गंगवार को उनकी उत्कृष्ट ऑल इंडिया रैंक के आधार पर देश के अत्यंत प्रतिष्ठित संस्थान इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी में प्रवेश मिल गया है। संस्थान द्वारा उन्हें भविष्य की अपार संभावनाओं से भरी 'इलेक्ट्रो मैकेनिकल' इंजीनियरिंग ब्रांच आवंटित की गई है। आईआईटी में दाखिला मिलने की सूचना प्राप्त होते ही छात्र के परिवार और शुभचिंतकों में खुशी की लहर दौड़ गई।
वंश गंगवार मूल रूप से छोटे लाल गंगवार और रश्मि गंगवार के सुपुत्र हैं। उनकी प्रारंभिक शिक्षा से लेकर इंटरमीडिएट (12वीं) तक की पढ़ाई देश के विख्यात शिक्षण संस्थान शेरवुड कॉलेज, नैनीताल (Sherwood College, Nainital) से संपन्न हुई है। इंटरमीडिएट उत्तीर्ण करने के उपरांत उन्होंने देश की कोचिंग कैपिटल कहे जाने वाले कोटा (राजस्थान) में रहकर कुछ महीनों तक जेईई की तैयारी की। उन्होंने अत्यंत कठिन परिश्रम, कड़े अनुशासन और सच्ची लगन के बल पर इस प्रतिष्ठित परीक्षा को क्रैक कर दिखाया।
अपनी इस शानदार स्वर्णिम उपलब्धि पर हर्ष व्यक्त करते हुए वंश गंगवार ने इसका पूरा श्रेय अपने पूजनीय माता-पिता, मार्गदर्शक गुरुजनों और अपने निरंतर कड़े स्वाध्याय को दिया है। मीडिया से रूबरू होते हुए वंश ने कहा कि यदि विद्यार्थी अपने निर्धारित लक्ष्य के प्रति पूरी तरह समर्पित रहे और नियमित रूप से टाइम टेबल बनाकर अध्ययन करे, तो दुनिया की किसी भी कठिन परीक्षा में निश्चित ही सफलता प्राप्त की जा सकती है।
वंश की इस शानदार सफलता पर उनके गृह जनपद बरेली स्थित आवास पर बधाई देने वालों का तांता लगा हुआ है। उनके सगे-संबंधी, मित्र और क्षेत्र के गणमान्य लोग लगातार घर पहुंचकर मिठाई खिला रहे हैं और उनके उज्ज्वल भविष्य की मंगलकामना कर रहे हैं। शिक्षाविदों का मानना है कि वंश की यह गौरवमयी उपलब्धि बरेली के अन्य छात्र-छात्राओं के लिए भी आगे बढ़ने और बड़ी परीक्षाओं में सफल होने के लिए एक बेहतरीन प्रेरणास्रोत साबित होगी।